सेवा विवेक ग्रंथ

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Description

सेवा ही संस्कार है, सेवा ही साधना है और सेवा ही सच्चा राष्ट्रधर्म है। 🇮🇳🙏

भारतीय सेवा-दर्शन, संतों के मार्गदर्शन, समाज के लिए समर्पित प्रेरक व्यक्तित्वों और राष्ट्र-निर्माण की प्रेरक गाथाओं को एक साथ प्रस्तुत करता है ‘सेवा विवेक ग्रंथ’।

इस ग्रंथ में आपको मिलेंगे—
🔹 भारतीय सेवा-दर्शन की झलक
🔹 संतों का व्यवहार एवं मार्गदर्शन
🔹 सेवा तपस्वियों के प्रेरक प्रसंग
🔹 समाज शिल्पियों के वैचारिक आलेख
🔹 विशेष साक्षात्कार और प्रेरणादायी विचार

‘सेवा विवेक ग्रंथ’ केवल एक ग्रंथ नहीं, बल्कि सेवा, संस्कार, समाज और राष्ट्र के प्रति समर्पण की प्रेरणा देने वाला प्रयास है।

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