दिव्यांग कल्याणकारी संस्थान में गुरुपूर्णिमा के अवसर पर शनिवार विगत 8 अगस्त 2026 को कक्षा दसवीं व बारहवीं के मेधावी विद्यार्थियों का गुणगौरव करने का कार्यक्रम आयोजित किया गया। कक्षा दसवीं-बारहवीं के दिव्यांग मेधावी विद्यार्थी तथा साथ ही परिसर की सामान्य स्कूलों के कक्षा दसवीं-बारहवीं के मेधावी विद्यार्थियों का सत्कार भी किया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य वक्ता के रूप में निलेश धायरकर तथा कार्यक्रम के अध्यक्ष के रूप में प्रसिद्ध चित्रकार रविंद्र देव, जो महर्षि कर्वे शिक्षा कार्य के अध्यक्ष हैं, उनकी उपस्थिति में यह कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।

कार्यक्रम की शुरुआत दिव्यांग कल्याणकारी संस्थान के विद्यार्थियों द्वारा ‘कुंभार जैसा गुरु नहीं रे जगत में’ इस स्वागत गीत से हुई। संगठन मंत्र के बाद कार्यक्रम का प्रास्ताविक संस्थान के कार्याध्यक्ष एडवोकेट मुरलीधर कचरे ने किया। इन्होंने अपने प्रास्ताविक भाषण में दिव्यांग कल्याणकारी संस्थान द्वारा दिव्यांग बच्चों के पुनर्वास के बारे में विस्तृत जानकारी दी तथा सभी मेधावी विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों व शिक्षकों से यह विनती की कि आप इस संस्थान में इन दिव्यांग बच्चों का कौतुक करने तथा उनका आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए समय-समय पर संस्थान में आते रहें, संस्थान की जानकारी प्राप्त करें और यदि आपके देखने में कोई गरीब दिव्यांग बच्चा आए तो उसे इस संस्थान में प्रवेश दिलाने का कार्य करें।

इसके बाद कार्यक्रम के मुख्य वक्ता निलेश धायरकर तथा कार्यक्रम के मुख्य अतिथि-अध्यक्ष रविंद्र देव का परिचय करवाया गया। संस्थान की ओर से संस्थान के कार्याध्यक्ष एडवोकेट मुरलीधर कचरे तथा सलाहकार मंडल के सदस्य दिनेश होले के हाथों कार्यक्रम के अध्यक्ष व मुख्य वक्ता का स्वागत किया गया। मुख्य वक्ता निलेश धायरकर ने अपने भाषण में भारत के तत्कालीन राष्ट्रपति स्वर्गीय डॉ. अब्दुल कलाम के जीवन पर आधारित कुछ प्रसंग व जानकारी सभी विद्यार्थियों को दी। साथ ही वक्ता ने स्वयं के जीवन में उनकी माता के कितने अमूल्य योगदान का उदाहरण सबको बताया।
इस दौरान सभी विद्यार्थी, शिक्षक व उपस्थित प्रमुख उनके भाषण सुनकर भावविभोर हो गए थे। कार्यक्रम के अध्यक्ष रविंद्र देव ने अपने भाषण में सभी विद्यार्थियों व शिक्षकों को गुरुपूर्णिमा की शुभकामनाएँ दीं तथा कहा कि ऐसे ही बच्चों को गढ़ते रहो, देश अब आगे सभी युवाओं के हाथों में रहेगा। सुसंस्कृत युवा जितने समाज में निर्मित होंगे, उतने ही हमारे देश के भावी दिन अच्छे होंगे, ऐसा उन्होंने उल्लेख किया। पस्थित सभी मेधावी विद्यार्थियों का सत्कार स्मृतिचिन्ह, पुस्तक व गुलाब पुष्प देकर सभी बच्चों का गुणगौरव किया गया।
कार्यक्रम का सूत्रसंचालन मुख्याध्यापिका शिवानी सुतार ने किया, जबकि विद्यार्थियों के नामों की घोषणा अधीक्षिका धनश्री बेकी ने की। कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन संजय गवळी ने किया। मंच पर कार्याध्यक्ष एडवोकेट मुरलीधर कचरे, मुख्य वक्ता निलेश धायरकर, कार्यक्रम के अध्यक्ष रविंद्र देव तथा सलाहकार मंडल के सदस्य दिनेश होले उपस्थित थे। विशेष उपस्थितियों में विभिन्न स्कूलों के शिक्षक व मुख्याध्यापक उपस्थित थे।

