पं. बंगाल व राजस्थान ने किट को बताया डिफेक्टिव

  • केंद्र सरकार ने राज्यों को भेजे टेस्ट किट
  • पश्चिम बंगाल सरकार ने बिना टेस्ट किट पर उठाये सवाल 
  • राजस्थान सरकार का आरोप टेस्ट किट नहीं दे रहे सही परिणाम
  • ICMR का दावा किट में नहीं है कोई खराबी 
देश में लगातार बढ़ते संक्रमण को रोकने के लिए पिछले काफी समय से टेस्ट किट की मांग हो रही थी। जिसके बाद केंद्र सरकार ने टेस्ट किट खरीद कर राज्यों को देना शुरु किया। लेकिन अब टेस्ट किट को लेकर जो सवाल खड़े हो रहे है उसने सरकार की चिंता और बढा दी है। पहले पश्चिम बंगाल और अब फिर राजस्थान सरकार ने टेस्ट किट को पूरी तरह से गलत परिणाम देने वाला बताया है। राजस्थान सरकार के मुताबिक टेस्ट किट से जो रिजल्ट आ रहे है वह विश्वनीय नही है। राजस्थान सरकार के मुताबिक कोरोना से संक्रमित 100 लोगों पर टेस्ट किट का इस्तेमाल किया गया लेकिन रिजल्ट में सिर्फ 5 लोगों का रिजल्ट ही पॉजिटिव आया जबकि बाकी सभी कोरोना पॉजिटिव लोगों का रिजल्ट निगेटिव बताया।
इससे पहले पश्चिम बंगाल सरकार ने भी किट को यह कहते हुए वापस भेज दिया था कि यह सभी किट डिफेक्टिव है। हालांकि बंगाल सरकार की तरफ से इसका टेस्ट नहीं किया गया था और जांच से पहले ही किट पर सवाल उठा दिए गए थे। पश्चिम बंगाल सरकार की तरफ से किट पर सवाल उठाने को राजनीतिक तौर पर भी देखा जा रहा है। इससे पहले भी ममता सरकार केंद्र की नीतियों का लगातार विरोध करती आ रही है जिससे यह सवाल उठता है कि किट को वापस भेजना उसी का एक नतीजा हो सकता है। वहीं अभी तक देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को किट भेजी जा चुकी है जबकि किट पर सिर्फ वहीं सरकारें सवाल उठा रही है जो पहले से ही मोदी सरकार की नीतियों के विरोध में रही है।
इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) ने भी राज्यों के सवाल के बाद टेस्ट किट से जांच पर दो दिन के लिए रोक लगा दी है। आईसीएमआर ने कहा कि किट की फिर से जांच की जायेगी और यह देखा जायेगा कि टेस्ट किट कितने फीसदी सही परिणाम दे रही है।
आईसीएमआर के डाक्टर ने बताया कि किट को लेकर कुछ राज्यों से शिकायतें मिल रही है लेकिन ऐसा होना संभव नही है क्योंकि किट की टेस्टिंग अमेरिकन फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन के द्वारा किया गया है जहां इसे उच्च स्तर का बताया गया था। टेस्टिंग किट को अगर 20 डिग्री से नीचे के तापमान पर रखा जायेगा तो परिणाम के सटीक आने की उम्मीद कम हो जाती है। 
वहीं देश में लगातार संक्रमण का खतरा बढ़ता ही जा रहा है मंगलवार तक संक्रमित लोगों की संख्या 18 हजार को पार कर चुकी है जबकि करीब 600 लोगों की मौत हो चुकी है। केंद्र और राज्य सरकार लगातार संक्रमण रोकने के लिए टेस्ट कर रही है लेकिन बावजूद इसके लगातार राज्यों संक्रमण का खतरा बढ़ता ही जा रहा है जिससे बाद टेस्ट किट की मांग होने लगी थी। लेकिन अब टेस्ट किट पर सवाल उठा कर फिर से विवाद पैदा कर दिया गया है। जिससे टेस्टिंग प्रोसेस में फिर से देरी की उम्मीद है।

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