महाराष्ट्र के बिगड़े हालात, धरावी में डराने वाले कोरोना के आकड़े

  • भारत में कोरोना संक्रमित लोगों की संख्या 25 हजार के पार 
  • भारत में 5 हजार से अधिक लोगों ने जीती कोरोना की जंग
  • करीब 780 लोगों की इलाज के दौरान गई जान 
  • महाराष्ट्र में संक्रमित लोगों की संख्या 8 हजार के करीब  

विश्व के बाकी देशों की तुलना में भारत कोरोना पर काफी हद तक रोक लगाने में सफल साबित हुआ है लेकिन बावजूद इसके कोरोना वायरस का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है रविवार 26 अप्रैल तक पूरे देश में कोरोना से संक्रमित लोगों की संख्या 26 हजार को पार कर चुकी है। सरकार की तमाम कोशिश के बाद करीब 5 हजार से अधिक लोग कोरोना की लड़ाई जीत गये जबकि 780 लोग यह लड़ाई हार गये और कोरोना के काल के गाल में समा गये। सरकार ने कोरोना से बचने के लिए लॉक डाउन का लगा रखा है ताकि लोग एक दूसरे के संपर्क में कम आ सके और इस महामारी पर रोक लगाई जा सके।
कोरोना का कहर तो करीब देश के सभी राज्य झेल रहे है लेकिन महाराष्ट्र की हालत सबसे ज्यादा खराब चल रही है संक्रमम के क्षेत्र में महाराष्ट्र 8 हजार के आकड़ें को छू रहा है जबकि करीब 325 लोग अब तक अपनी जांन गवा चुके है। महाराष्ट्र का धरावी इलाका एशिया का सबसे बड़ा स्लम है और यही वजह है कि वहां सोशल डिस्टेंसिंग ना होने की वजह से लगातार कोरोना का संक्रमण बढ़ता जा रहा है। पिछले 24 घटों में 21 केस सामने आया है जिसके साथ ही कुल संक्रमित लोगों की संख्या 241 पहुंच गयी। वहीं अब तक 14 लोगों की मौत भी हो चुकी है। धरावी को लेकर सरकार पहले से ही चिंतित है सरकार को उम्मीद थी कि धरावी में कोरोना के संक्रमण आसानी से बढ़ सकते है क्योंकि वहां एक बड़ी जनसंख्या निवास करती है जिससे सोशल डिस्टेंसिंग रख पाना थोड़ा मुश्किल है। इसके साथ ही तबलीगी जमात के कुछ लोग भी निजामुद्दीन से आकर वहां पर रह रहे है जिससे संक्रमण के फैलने का खतरा लगातार बना हुआ है।शनिवार को पूरे देश से 1819 कोरोना के नये केस सामने आये जिसमें आधे से ज्यादा सिर्फ महाराष्ट्र से है जबकि बाकी उत्तर प्रदेश, आंध्र प्रदेश और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से है।
केंद्र सरकार की तरफ से पूरे देश में कोरोना की जांच युद्ध स्तर पर की जा रही है। सरकारी आकड़ों के मुताबिक 5 लाख से अधिक लोगों की जांच की जा चुकी है जबकि कुछ राज्य टेस्ट किट पर सवाल उठाकर जांच को प्रभावित कर रहे है। वहीं सभी राज्यों में जारी जांच की वजह से एक बार फिर कोरोना केस में तेजी देखने को मिल सकती है लेकिन यह तेजी आखिरी बार होगी। इसके बाद संक्रमण के बढ़ने की उम्मीद कम होगी। सरकार की तरफ से लॉक डाउन 3 मई तक लगाया गया है लेकिन सूत्रों की मानें तो लॉक डाउन फिर से कुछ दिनों के लिए आगे बढ़ाया जा सकता है हालांकि सरकार ने शुक्रवार से कोरोना मुक्त क्षेत्रों में लॉक डाउन में नरमी बरतते हुए कुछ दुकानों के खुलने पर छूट दे दी है लेकिन सभी से मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के लिए कहा है।

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