हिंदी विवेक : we work for better world...

 

इकरार अहमद देव, कक्षा 11, सरकारी हायर सेकेंडरी स्कूल, बड़गाम, जम्मू एवं कश्मीर

इकरार ने महसूस किया कि कभी-कभी सफेद पट्टी न होने की वजह से वाहन चालकों को गतिरोधकों का पता ही नहीं चल पाता। फलतः दुर्घटना हो जाती है। स्थितियां तब ज्यादा मुश्किल हो जाती हैं जब एम्बुलेंस का चालक गतिरोधक का पता न लगने पर उस पर उछलता है। इसे हल करने के लिए, इकरार ने एक ऐसे उपकरण का विचार दिया है जो कुछ मीटर पहले वाहन चालक को गतिरोधक की जानकारी दे सजग कर सके।

 

 

आपकी प्रतिक्रिया...

Close Menu