दिव्यांग कल्याणकारी संस्था में देश का 80वाँ स्वतंत्रता दिवस दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायक उपकरण प्रदान कर उत्साहपूर्वक मनाया गया। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इस वर्ष 25 दिव्यांगजनों को उनकी आवश्यकता के अनुसार कैलिपर्स तथा 10 दिव्यांगजनों को स्वरोजगार के लिए 10 सिलाई मशीनें प्रदान की गईं। दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाना संस्था का मूल उद्देश्य है और इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए यह कार्यक्रम आयोजित किया गया।
संस्था द्वारा विशेष अवसरों पर दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने तथा उन्हें सहजता से चलने-फिरने में सहायता करने वाले आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराए जाते हैं। इस वर्ष कार्यक्रम में सक्षम संस्था के अखिल भारतीय संगठन मंत्री चंद्रशेखर जी प्रमुख अतिथि के रूप में उपस्थित थे। उनके साथ संस्था के सभी विश्वस्त मंडल, उपकार्याध्यक्ष डॉ. सतीश जैन, कोषाध्यक्ष प्रकाश टिळेकर, सहसचिव राहुल बनकर, निलेश बागमार, परिसर के नागरिक तथा विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

प्रमुख अतिथि के हाथों ध्वजारोहण से पहले सभी बच्चों ने सामूहिक रूप से संपूर्ण वंदे मातरम् का गायन किया। इसके बाद ध्वजारोहण हुआ और राष्ट्रगान तथा राज्यगीत प्रस्तुत किया गया। तत्पश्चात प्रमुख अतिथि ने उपस्थित लोगों को मार्गदर्शन दिया।
चंद्रशेखर जी ने अपने संबोधन में कहा कि इजरायल जैसे देश को स्वतंत्रता प्राप्त करने के लिए बहुत संघर्ष करना पड़ा। इसी प्रकार हमारे भारत देश को भी स्वतंत्रता दिलाने के लिए हजारों क्रांतिकारियों और कार्यकर्ताओं ने अपना बलिदान दिया। उनके बलिदान के बाद ही देश को स्वतंत्रता प्राप्त हुई। इसलिए हम सभी को अपने देश के लिए उत्कृष्ट कार्य करना चाहिए। बच्चों को भारतीय स्वतंत्रता के मूल्यों की शिक्षा देनी चाहिए और इन मूल्यों को सदैव बनाए रखना चाहिए।

उन्होंने कहा कि हम देश के लिए जो भी कार्य करें, वह उत्कृष्ट और गुणवत्तापूर्ण होना चाहिए। वर्ष 2016 के दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम का प्रभावी उपयोग करते हुए दिव्यांगजनों को कर्तव्यनिष्ठ, स्वावलंबी और देशभक्त नागरिक बनाने में सहयोग करना चाहिए। हमें केवल देश से लेने वाले नहीं, बल्कि देश को देने वाले भी बनना चाहिए। अखंड भारत का सपना लेकर हमें जीवन में आगे बढ़ना चाहिए।

कार्यक्रम का प्रस्तावना भाषण संस्था के कार्याध्यक्ष एडवोकेट मुरलीधर कचरे ने किया। उन्होंने उपस्थित विद्यार्थियों और नागरिकों को नागरिक कर्तव्य, पर्यावरण, परिवार प्रबोधन, स्वबोध और समरसता जैसे विषयों पर मार्गदर्शन दिया।
वानवडी गांव के हरिभक्त परायण राजू महाराज सातव का हाल ही में हवेली तालुका कीर्तनकार संगठन के अध्यक्ष पद पर चयन होने पर प्रमुख अतिथि चंद्रशेखर जी के हाथों उनका सत्कार किया गया। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग तीरंदाजी खिलाड़ी विनायक ब्रीद का भी प्रमुख अतिथि के हाथों सम्मान किया गया।

कार्यक्रम के मंच पर सक्षम के महानगर सचिव अशोक जवेरी, प्रांत के सहसचिव गहिनाथ नलावडे, सक्षम के प्रांतीय कार्यकर्ता महेश टांकसाळे, सलाहकार मंडल के सदस्य दिनेश होले, मुख्याध्यापिका शिवानी सुतार, ह.भ.प. सुरेश महाराज होले, ह.भ.प. माऊली जांभुळकर, छात्रावास अधीक्षक धनश्री बेके तथा अन्य सभी शिक्षक उपस्थित थे। संस्था के प्रति स्नेह रखने वाले विजय जगदाळे सहित अनेक गणमान्य नागरिक भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए संस्था के सभी शिक्षकों और कर्मचारियों ने अथक परिश्रम किया।

