दिल्ली की जनता ने दिए सुझाव, केंद्र सरकार तय करेगी दिल्ली का भविष्य

  • दिल्ली की जनता से केजरीवाल को भेजे 5 लाख सुझाव
  • प्रेस कांफ्रेस कर केजरीवाल ने पढ़े जनता के सुझाव
  • दिल्ली में नियमों के साथ लॉक डाउन को खत्म करने की मांग
  • मास्क और दूरी बनाने पर सभी ने जतायी सहमति
  • होटेल और सलून को बंद रखने की उठी मांग 
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में सभी मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक करके उनसे लॉक डाउन को लेकर सुझाव मांगा था और इसे 15 मई तक केंद्र सरकार के पास भेजने का निर्देश दिया गया है। राजधानी दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली की जनता से सुझाव मांगा जिससे उन्हें करीब 5 लाख लोगों ने अपना सुझाव भेजा जिसको लेकर केजरीवाल ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस किय। इस दौरान केजरीवाल ने बताया कि सबसे ज्यादा मास्क पहनने और सोशल डिस्टेंस रखने का सुझाव मिला है। इन नियमों का पालन ना करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की भी मांग की गई है। दिल्लीवासियो ने अपने सुझाव में दुकानों को भी थोड़ा-थोड़ा करके खोलने की सलाह दी है इसके अलावा टैक्सी और रिक्शा को भी चलाने का सुझाव दिया है।सुझाव में कहा गया है कि ऑटो रिक्शा में सिर्फ एक ही यात्री को बैठने की इजाजत होनी चाहिए जबकि टैक्सी में सिर्फ दो लोगों को बैठने की इजाजत होनी चाहिए।

दिल्ली की जनता अभी तक स्कूल और कॉलेज को लेकर सहमति नहीं बना पाई है इसलिए इस पर कुछ लोगों का मानना है कि कुछ दिनों के लिए स्कूल और कॉलेज को बंद रखा जाए जबकि कुछ लोग यह चाहते हैं कि कुछ कड़े नियमों के साथ स्कूल और कॉलेज को भी खोल दिया जाए वरना आने वाले समय में बच्चों पर पढ़ाई का दबाव बढ़ता ही जायेगा। वहीं लोगों ने होटल और रेस्टोरेंट को लेकर भी अपना सुझाव दिया है लेकिन इस दौरान सभी तरह के होटल को बंद रखने का सुझाव आया है जबकि छोटे बड़े रेस्टोरेंट को खोलने की सलाह दी गई है क्योंकि जो लोग अकेले रहते हैं या किसी भी वजह से वह बाहर निकलते हैं तो उन्हें खाने की तकलीफ होती है। वहीं हर तरह के सलून को बंद रखने का सुझाव दिया गया है क्योंकि इससे संक्रमण के फैलने का पूरा पूरा खतरा बना रहेगा।

यह भी देखें – https://hindivivek.org/18909
दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जनता के कुछ सुझावों को पढ़कर भी सुनाया और कहा कि इसमें से कुछ अच्छे सुझावों को केंद्र सरकार के पास भेजा जाएगा लेकिन अब यह केंद्र सरकार पर निर्भर करता है कि वह दिल्ली को लेकर क्या फैसला लेती है। केजरीवाल ने कहा कि पूरे देश में एक ही बार में तो लॉक डाउन लगा दिया गया लेकिन अब इसे हटाने के लिए सरकार को कड़ी मेहनत करनी पड़ेगी। केजरीवाल ने कहा कि पूरे देश में आपदा प्रबंधन नियम लागू है ऐसे में केंद्र सरकार के पास ज्यादा शक्तियां होती हैं वह सभी राज्य सरकारों को निर्देश देता है और अब दिल्ली के आगे का भविष्य भी केंद्र सरकार भी निश्चित करेगी।

आपकी प्रतिक्रिया...