भारत की रुस के साथ 33 विमानों की डील हुई तय, अब इन विमानों से डरेगा चीन

  • भारत और रुस के बीच हुआ रक्षा समझौता
  • रुस से भारत को मिलेगा सुखोई और मिग विमान
  • भारत के बाद अमेरिका-ब्रिटेन ने भी चीन को दिखाई आँख
  • चीनी ऐप बंद होने पर चीन को बड़ा झटका
 
भारत नहीं भूलेगा जवानों की शहादत
भारत और चीन के बीच जारी विवाद सीमा पर भले ही कम हो गया हो लेकिन यह भारत सरकार और भारतीय लोगों में अभी भी जारी है। भारत अपने 20  बहादुर जवानों को ऐसे ही नहीं भुला सकता। सीमा पर जो हुआ वह सिर्फ एक घटना ही नहीं थी बल्कि वह चीन का विश्वासघात था और इसमें 20 जवानों ने अपनी जान देकर देश की रक्षा की थी। भारत की तरफ से चीन पर हमला लगातार जारी है भारत किसी भी मौके को हाथ से गवाना नहीं चाहता है और इसलिए सरकार लगातार चीन के खिलाफ माहौल तैयार कर रह रही है और उसमें सफल हो रही है। भारत के साथ साथ दुनिया के और भी कई देश अब चीन के खिलाफ खुल कर खड़े हो गये है जिसमें अमेरिका, ब्रिटेन और रुस शामिल है।
 
चीन ऐप बंद होने से परेशान चीन
भारत सरकार की तरफ से लगातार चीन को हर क्षेत्र में झटका दिया जा रहा है चाहे वह आर्थिक हो व्यापारिक हो या फिर डिजिटल क्षेत्र। भारत की तरफ से चीन के 59 एप बंद कर दिए गये जिससे चीन डरा भी हुआ है और चिढा भी हुआ है। चीन की तरफ से धमकियां भी मिलने लगी है लेकिन इस बार भारत किसी भी धमकी का मुहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार है। चीन की अलग अलग कंपनियों के ऐप बंद होने के बाद अब चीनी कंपनियां सफाई देने लगी है कि उनकी वजह से कोई भी नुकसान नहीं हो रहा है। केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने सरकार की तरफ से जवाब देते हुए कहा कि भारत एक शांत प्रिय देश है लेकिन यह दुश्मन को जवाब देना जानता है। भारत सीमा पर भी हमला कर जवाब दे सकता है और डिजिटल प्लेफार्म पर भी हमला करना जानता है। भारत ने जिन चीनी ऐप पर बैन लगाया है उस पर डेटा चोरी करने का आरोप लगता रहा है।
 
भारत-रुस के बीच रक्षा सौदा
भारत चीन के बीच जारी घमासान के बीच भारत को एक और सफलता हाथ लगी है भारत ने रुस के साथ एक बड़ा रक्षा सौदा किया जिसके तहत भारत 33 लड़ाकू विमान रुस से खरीदने जा रहा है। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रुस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने फोन पर बात की और उसके कुछ समय बाद सरकार की तरफ से यह ऐलान किया गया कि भारत रुस से 33 लड़ाकू विमान खरीदेगा जिसमे सुखोई-30 और मिग-29 शामिल है और इसका कुल बजट 18 हजार 148 करोड़ तय किया गया है। भारत और रुस के बीच हुए इस समझौते से जहां एक बार फिर भारत और रुस के संबंध मजबूत हुए है वही इस डील के बाद चीन को फिर से किसी गलती को करने से पहले सोचने पर मजबूर हो गया है।
 
रुस से जल्द मिलेंगे 33 लड़ाकू विमान
चीन से विवाद होने के बाद से भारत पूरी तेजी से अपनी तीनों सेनाओं को मजबूत करने में लगा हुआ है और इसके लिए सरकार की तरफ से एक के बाद एक फैसले लिए जा रहे है। रुस के साथ हुए इस समझौते में भारत 33 लड़ाकू विमान ख़रीद रहा है साथ ही भारत के पास मौजूद लड़ाकू विमान मिग-29 को भी अपग्रेड करने की मंजूरी दे दी गयी है। भारत सरकार ने DRDO  के उस प्रोजेक्ट को भी मंजूरी दे दी है जिसमें एक हजार किमी मारक क्षमता वाली मिसाइल बनाने का प्लान है। रक्षा मंत्रालय के मुताबिक तीनों सेनाओं के नये हथियार और पुराने हथियारों को अपग्रेड करने के लिए कुल 38 हजार 900 करोड़ की मंजूरी दी गयी है जिसमें से करीब 31 हजार करोड़ भारतीय इंडस्ट्री में खर्च होगा।

This Post Has One Comment

  1. Anonymous

    Very nice, Good work.

आपकी प्रतिक्रिया...