उत्तर प्रदेश पर्यटन: योगी सरकार की नई नीति, होटल की जगह घर में रुकेंगे पर्यटक

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार राज्य को हर दिशा में तेजी से आगे ले जाने का प्रयास कर रही है। विदेशी निवेश, फिल्म सिटी, छोटे और बड़े उद्योग धंधों के बाद अब राज्य सरकार पर्यटन को लेकर तेजी से काम कर रही है। योगी सरकार के इस प्रयास से जहां राज्य सरकार की आमदनी बढ़ेगी वहीं राज्य में लोगों के लिए भी रोज़गार के अवसर पैदा होंगे। अयोध्या का राम मंदिर भी पर्यटन की दृष्टि से एक बड़ा स्थान होगा। राम मंदिर निर्माण के बाद वहां हर दिन लाखों की संख्या में लोग पहुंचने लगेंगे जिससे आस-पास के लोगों को रोज़गार का अवसर मिलेगा। 
उत्तर प्रदेश सरकार ने टूरिस्ट साइट जैसे मेक माइ ट्रिप, गो इबिबो और यात्रा डॉट कॉम की तर्ज पर ही सरकारी साइट पर काम शुरु कर दिया है। आप अगर उत्तर प्रदेश में घूमने के लिए जाने वाले है तो आप को उत्तर प्रदेश का वन निगम और पर्यटन विभाग भी हॉलिडे पैकेज मुहैया कराएगा। योगी सरकार पर्यटकों के लिए विशेष पैकेज तैयार कर रही है जिससे पर्यटकों की सभी सुविधाओं का ध्यान रखा जा रहा है। सरकार की योजना के मुताबिक अगर आप यूपी घूमने का प्लान कर रहे है तो आप को होटल के साथ साथ स्थानीय लोगों के घर में भी रुकने की सुविधा मिलेगी। कई बार ऐसा देखने को मिलता है कि पर्यटक होटल में रुकने की बजाय स्थानीय लोगों के साथ रुकना पसंद करते है और उनकी जीवनशैली को जीना चाहते है जिसको ध्यान में रखते हुए योगी सरकार ‘होम स्टे’ का नियम शुरु करने जा रही है। टूरिस्टों के लिए वन क्षेत्रों के अलावा ऐतिहासिक स्थलों, विशेष धार्मिक स्थलों और चर्चित स्थलों की भी जानकारी दी जायेगी साथ ही साथ एक गाइड भी मुहैया कराया जायेगा जो स्थलों की जानकारी देगा।
वर्ष 2019 में पर्यटन क्षेत्र से यूपी सरकार ने सबसे ज्यादा कमाई की थी और देश में पहले नंबर पर था। योगी सरकार पर्यटन की सुविधाजनक नीतियों के जरिए उत्तर प्रदेश को आने वाले समय में देश और दुनिया में पर्यटन के बड़े केंद्र के तौर पर विकसित करने की तैयारी में जुटी है। यूपी में आने वाले पर्यटकों के लिए पैकेज की व्यवस्था लखनऊ, नोएडा और दिल्ली से की जायेगी और पर्यटक को बुकिंग वाली जगह से गंतव्य स्थान तक लिए गाड़ी की भी सुविधा दी जायेगी। इस दौरान पर्यटक को ‘होटल’ के साथ साथ ‘होम स्टे’ की भी सुविधा दी जायेगी।
‘होम स्टे’ वैसे तो हमारे देश की बहुत पुरानी परंपरा है। हम अपने नज़दीकियों और रिश्तेदारों को बुलाते है और उनकी सेवा करते है लेकिन सरकार अब इसी परंपरा को पर्यटन में बदलने जा रही है जिससे यूपी आने वाले लोग तमाम तरह की परंपराओं से भी रूबरू होंगे और कम खर्च में पर्यटन का मजा ले सकेंगे। होम स्टे के लिए अलग अलग इलाकों से आवेदन मागें जाएगें। जो लोग इसके लिए आवेदन करते है उनका सामाजिक स्तर, रहन-सहन, व्यवहार, शिक्षा, सुरक्षा और स्वच्छता की जांच की जायेगी और अगर सब कुछ सही रहा तो उन्हे इस योजना के लिए पंजीकृत किया जायेगा। जिसके बाद होम स्टे के लिए पंजीकृत लोग अपने घर पर देशी और विदेशी पर्यटकों को अपने घर पर ठहरा सकेंगे।
उत्तर प्रदेश सरकार ‘होम स्टे’ योजना को बढ़ावा देना चाहती है और इसके जरिए ग्रामीण और वन क्षेत्रों के लोगों को रोजगार से जोड़ कर मुख्य धारा में लाना चाहती है। इस योजना के दौरान इन इलाकों को भी जोड़ा जायेगा जिनका अपना ऐतिहासिक या धार्मिक महत्तव है। योगी सरकार की पर्यटन योजना से छोटे इलाके विकसित होंगे। रोजगार व व्यवसाय का अवसर भी पैदा होगा। स्थानीय लोगों को गाइड का काम दिया जायेगा। टूरिस्ट स्पॉट के पास स्थानीय और परंपरागत चीजों की बिक्री की जायेगी जिससे धन के साथ साथ वह पूरी दुनिया में फेमस होगा।

आपकी प्रतिक्रिया...