रफाल पर राहुल से 7 सवाल

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रफाल पर राहुल काफी बोल चुके हैं। अब राहुल से सवाल पूछने का समय है। ये महत्वपूर्ण सवाल हैं, क्योंकि मामला देश की रक्षा से जुड़ा है। इन सवालों को जानने से पता चल जाएगा कि राहुल झूठ का गरल उगल कर देश की जनता को किस तरह बेवकूफ बना…

युवाओं के संदर्भ में भविष्य चिंतन

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आज भारत में ५० प्रतिशत आबादी २५ से कम आयु की, और ६५ प्रतिशत जनसंख्या ३५ से कम उम्र की है. यह महाशक्ति है, लेकिन इस शक्ति को भारत कैसा मोड़ देता है इस पर ही सब कुछ निर्भर करेगा.

मुश्किल हालात में कुछ ठोस करने की चुनौती

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महीनों से कश्मीर घाटी में पत्थर चल रहे थे। विद्यालय जलाए जा रहे थे। पाकिस्तान घाटी की मीडिया फुटेज को लेकर आसमान सर पर उठाने की कोशिश कर रहा था। आतंकी बुरहान बानी के लिए मर्सिया गाया जा रहा था। फिर नोटबंदी का फैसला आया और घाटी में अचानक पत्थर चलने बंद ह

ध्यानियों का महान ग्रंथः विज्ञान भैरव तंत्र

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ध्यानयोग के बारे में चर्चाएं तो बहुत हैं , लेकिन इसके बारे में विस्तार से समझने का अवसर बहुत कम ही मिलता है। फिर अनेक भ्रांतियां भी फ़ैली हुई हैं। महान योगी सद्गुरु गोरखनाथ द्वारा रचित विज्ञान भैरव तंत्र हमें वास्तविक ध्यान में उतरने के लिए पूरा आकाश उपलब्ध करवाता है। इसका विस्तार ही ध्यान सम्बंधित अनेक भ्रांतियों को दूर कर देता है। विज्ञान भैरव तंत्र के रहस्य में प्रवेश करवाता यह लेख पाठकों के लिए प्रस्तुत है।

देश की संस्कृति और बाबासाहब

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 बाबासाहब आंबेडकरने लाखों अनुयायियों के साथ बौद्ध पंथ अपनाया तब वीर सावरकर ने वक्तव्य दिया - ‘‘आंबेडकर का पंथान्तर, हिंदू धर्म में विश्वासपूर्वक ली गई छलांग है। बौद्ध आंबेडकर, हिंदू आंबेडकर ही हैं। आंबेडकर ने एक अव

समरस समाज और राष्ट्रीय सुरक्षा

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देश को मजबूती से खड़ा होना है, तो समाज को समरस होना होगा। सौभाग्य से हमारी संस्कृति के मूल चिंतन में ऐसा करने की क्षमता है। ये लड़ाई वैचारिक भी है, और कर्म की भी है। ये हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा का एक महत्वपूर्ण आयाम है, ये स

वैश्विक पटल पर नए भारत का उदय

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इक्कीसवीं सदी के प्रारंभिक वर्षों में भारत की अपार आर्थिक संभावनाओं की चर्चा प्रारंभ हुई, परंतु विदेश नीति और कूटनीति के क्षेत्र में हमारी क्षमताओं का विषय प्राय: चर्चाओं से अछूता ही रहा। 26 मई 2014 को नई भारतीय कूटनीति का आगाज हुआ है, जो इच्छाशक्ति के साथ भारतीय हितों को आगे बढ़ाने को प्रतिबद्ध तो है ही, साथ ही क्षेत्रीय शक्ति बनने की महती आकांक्षा से भी प्रेरित है। नरेंद्र मोदी सरकार की विदेश नीति से इस बात के संकेत मिलते हैं।

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