रिश्तों के नए नाम

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“उस दिन गरिमा का स्त्रीत्व सार्थक हो गया था। उसकी ममता का सागर फूट पड़ा और दूध की धारा से आंचल भीग गया था। उसने अपनी बेटी को जोर से सीने से चिपका लिया... ममता के मोती उसके गालों से लुढ़क कर बेटी के गालों पर आ गिरे थे।” गरिमा…

समस्याओं से जूझता गणतंत्र

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देश के स्वतंत्रता संग्राम को भारतीय स्वाभिमान की जागृति का संग्राम भी कहा जाता है। राजनीतिक दमन और आर्थिक शोषण के विरुद्ध लोक-चेतना का यह प्रबुद्ध अभियान था। यह चेतना उत्तरोतर ऐसी विस्तृत हुई कि समूची दुनिया में उपनिवेशवाद के विरुद्ध मुक्ति का स्वर मुखर हो गया। परिणामस्वरूप भारत की…

“स्टैच्यू ऑफ यूनिटी”एक अद्भुत शिल्प

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  लौह पुरुष सरदार पटेल की विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा को देखना और उनके चरणों में शीश नवाना एक अद्भुत प्रसंग है। गुजरात सरकार ने देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों के लिए बेहतरीन सुविधा उपलब्ध कराई है। जब से हमने मोबाइल में यू-ट्युब पर स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की तसवीर…

शंखेश्वर महातीर्थ में बनेगा – भव्य श्रुत मंदिर

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समस्त जैन संघ के गौरव स्थान शंखेश्वर महातीर्थ में अनुपम, भव्य-दिव्य श्रुत मंदिर बनाया जा रहा है। जैन धर्म ग्रंथों की सुरक्षा के अलावा इसमें अन्य विभिन्न सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। जैन समाज की कार्य कुशलता एवं व्यापार का डंका पूरी दुनिया में बज रहा है। अल्पसंख्यक होने के…

समतायुक्त, शोषणमुक्त समाज हेतु…

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“समता के मूल में ही समरसता है। हमें समरस हिंदू समाज खड़ा करना है अर्थात शोषणमुक्त समाज, आत्मविस्मृति-भेद-स्वार्थ-विषमता इन बातों से समाज को मुक्त करना है। किसी भी प्रकार की विषमता को हिन्दू समाज में स्थान नहीं है। “समरस समाज, समर्थ भारत” ही हमारा लक्ष्य है।” एक तथा दो दिसंबर…

भारतमाला परियोजना ‘न्यू इंडिया’ की दिशा में बढ़ते कदम

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भारतमाला परियोजना के अंतर्गत देश भर में अनेक नई सड़कों का जाल बिछाने की योजना है। पहले चरण में कोई 24,800 कि.मी. सड़कों के निर्माण का कार्य चल रहा है। किसी राष्ट्र का विकास उसके परिवहन नेटवर्क और उसके रखरखाव के तौर-तरीकों पर निर्भर करता है। यही बात भारत जैसे…

कुंभ की चाकचौबंद व्यवस्था

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इस माह प्रयागराज में महाकुंभ शुरू हो रहा है। विश्व के इस विराट मेले के लिए उ.प्र. सरकार ने चाकचौबंद व्यवस्था की है। यातायात से लेकर बिजली-पानी, शिविरों, स्नान-घाटों की बेहतर व्यवस्था है। वसुधैव कुटुंबकम् का भान रखने वाला भारत ही सच्चे अर्थों में बिना राग-द्वेष के पुरी दुनिया का…

महापर्व कुंभ

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अनेकता में एकता, सहिष्णुता, समानता एवं आस्था-विश्वास व सौहार्द के साथ भक्तिभाव के अद्भुत संगम का महापर्व है कुंभ। यह दुनिया का सबसे विराट मेला है और हमारे मनीषियों ने भारतीय संस्कृति को एक सूत्र में बांधने के लिए ही कुंभ की शुरुआत की है। इस बार का कुंभ प्रयागराज…

अध्यात्म से जुड़े युवा शक्ति

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स्वामी विवेकानंद की जयंती 12 जनवरी को अंतरराष्ट्रीय युवक दिवस पर आवाहन करते हैं, ए मेरे युवा बंधुओ और बहनो, अध्यात्म के मार्ग पर आइये और अपनी साधना से- शक्ति से पूरे विश्व में सकारात्मक क्रांति का उद्घोष करें। चलो अपने अंदर के विवेकानंद को जगाते हैं और एक सम्पूर्ण,…

युवाओ उठो, अपनी असीम शक्ति को जगाओ

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“युवाओ, तुम्हारे अंदर असीम शक्ति है। तुम्हें शक्तिशाली बनना है। अन्यथा तुम किसी भी वस्तु पर विजय कैसे प्राप्त करोगे? अपने अंदर झांको और उन गुणों को देखो, जो समाज और राष्ट्र के लिए उपयोगी हो सकते हैं, उन्हें और विकसित करना चाहिए। कोई दूसरा हमें नहीं सुधार सकता, हमें…

मराठा आरक्षण एवं ‘क्रीमी लेयर’ की संकल्पना

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आरक्षण नीति के पीछे जो सामाजिक न्याय की कल्पना है उसका यदि आदर करना है तो न केवल ओबीसी के लिए ‘क्रीमी लेयर’ की शर्त बरकरार रहनी चाहिए बल्कि अनुसूचित जाति-जनजाति हेतु भी उसे तत्काल लागू करना चाहिए। 30नवम्बर 2018 को महाराष्ट्र के राज्यपाल द्वारा हस्ताक्षर किए जाने के बाद…

हवाई जहाज भारत में निर्मित करना मेरा सपना – कैप्टन अमोल यादव

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यह सुनकर आप चकित होंगे कि भारत में नागरी विमानों की निर्मिति ही नहीं होती। ये विमान विदेश से आयात किए जाते हैं। इसलिए धुन के पक्के कैप्टन अमोल यादव ने एक सपना देखा- देश में ही विमान बनवाने का। इस सपने का पीछा करते हुए उन्होंने जो संघर्ष यात्रा…

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