उज्ज्वल भारत की आधारशिला – अगस्त २०२०-सप्ताह एक

अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर भूमिपूजन के उपलक्ष्य में भगवान श्रीराम पर आवरण कथा प्रकाशित की गई है. हिंदी विवेक के कवर पृष्ठ पर भव्य श्रीराम मंदिर और रामजी की मनमोहक छवि सहित उल्लेखित ‘उज्जवल भारत की आधारशिला’ बरबस ही पाठकों को अपनी ओर आकर्षित कर लेती है. हिंदी विवेक का यह अंक एक तरह से मर्यादा पुरुषोत्तम राम जी पर आधारित विशेषांक ही है. जो सभी को बहुत पसंद आएगा. प्राचीन गौरव पाती अयोध्या, वनवासियों और जनजातियों के राम, मर्यादा की हर कसौटी पर खरे उतरे राम, आओ मेरे राम तरस रही अंखिया, भव्य मंदिर भव्य भारत, राम के जीवनमूल्य ही वर्तमान समस्याओं का हल, सियाराम मय अवनि अम्बर और अयोध्या धुरी महत्तर, लाखों हिन्दुओं का बलिदान और ७६ युद्ध, बाबरी विध्वंस से पड़ी भव्य श्रीराम मंदिर की नींव, रामो राजमणि सदा विजयते जैसे शीर्षक से प्रकाशित आलेख इसे स्वर्णिम विशेषांक बनाते है. इसके साथ ही साध्वी ऋतंभरा जी (दीदी माँ) और गोविन्ददेव गिरी महाराज जी का साक्षात्कार इस विशेषांक को समृद्ध बनाते है. इसके अलावा राफेल बाजी पलटने वाला लड़ाकू विमान, नई शिक्षा नीति: भारत के सामयिक उत्कर्ष की उड़ान, रक्षाबंधन: रेशम की डोरी से संसार बांधा है, समसामयिक आलेख इस अंक में समाहित किये गए है. परम पूजनीय सरसंघचालक जी की नजर में ‘काका जी’ खंडेलवाल स्मृति दिवस आलेख ह्रदयस्पर्शी है. ‘हिंदुत्व के पुनर्जागरण का शक्तिकेंद्र’ सम्पादकीय राष्ट्र की उभरती शक्ति को प्रदर्शित करता है.

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