महिलाओं में कैंसर के लक्षण : जागरूकता-बचाव

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अनियमित दिनचर्या और एल्कोहल जैसे नशीले पदार्थों के सेवन का प्रयोग बढ़ने के कारण कैंसर के मरीजों की संख्या में बढ़ोत्तरी हो रही है। इसमें महिला रोगियों की संख्या पुरुषों की अपेक्षा काफी अधिक है। इसकी समुुचित रोकथाम के लिए महिलाओं में जागरूकता लाना अत्यावश्यक है, ताकि वे शुरुआती समय…

अमेरिका : रसोई में भोजन बनाना छोड़ने का दुष्परिणाम

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अमेरिका में क्या हुआ जब घर में खाना बनाना बंद हो गया? 1980 के दशक के प्रसिद्ध अमेरिकी अर्थशास्त्रियों ने अमेरिकी लोगों को चेतावनी कि यदि वे परिवार में आर्डर देकर बाहर से भोजन मंगवाएंगे तो परिवार व्यवस्था धीरे धीरे समाप्त हो जाएगी।साथ ही दूसरी चेतावनी दी कि यदि उन्होंने…

आन्दोलनजीवियों का नया एजेंडा!

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देश में हर साल बाल विवाह होते हैं और इसे रोकने के लिए सख्त कानून भी बना हुआ।क्या बाल विवाह की संख्या को देखते हुए देश में बेटियों के विवाह की आयु 18 से घटाकर 16 कर दी जानी चाहिए? लेकिन सरकार तो विवाह की आयु अब बढ़ाकर 21 करने…

कोरोना को लेकर अब घबराने की जरूरत नहीं

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FILE PHOTO: A woman holds a small bottle labelled with a "Coronavirus COVID-19 Vaccine" sticker and a medical syringe in this illustration taken October 30, 2020. REUTERS/Dado Ruvic/File Photo
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दुनिया में एक बार फिर तेज़ी से कोरोना वायरस का संक्रमण बढ़ने की खबरें हैं। खासतौर से चीन के बारे में कहा जा रहा है कि वहाँ जिस रफ़्तार से वायरस का एक नया वेरिएंट फ़ैल रहा है, वहां इससे पहले देखा नहीं गया। चीन के अलावा अमेरिका, जापान, दक्षिण…

मनोरोगों का कारण हैं द्विमुखी व्यक्तित्व

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"क्रिया", "विचारणा" एवं "भावना" के तीनों ही क्षेत्रों में एकरूपता हो तो मनुष्य असामान्य व्यक्तित्व का स्वामी बन सकता है। इसके विपरीत इन तीनो में एकता न होने पर विकासक्रम अवरूद्घ हो जाता है । सामान्यतया इन तीनों में एकता कम ही स्थापित हो पाती है । प्रायः युग्म दो…

भारत के पड़ोस में लाखों लाशों का ढेर लग गया

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-वॉल स्ट्रीट जनरल ने चीन में कोरोना के कहर का वर्णन करते हुए लिखा है कि चीन के शहरों में कोरोना से मरने वाले लोगों के शवों से अस्पतालों के मुर्दाघर भर चुके हैं । बीजिंग के डोंगजिओ शवदाह गृह में काम करने वाली एक महिला का कहना है कि…

ये 3 हरी सब्जियां करती हैं इम्युनिटी को मजबूत

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सर्दियाँ आते ही इम्युनिटी कमज़ोर होनी शुरू हो जाती है, ज़ुकाम छींके और संक्रमण जल्द ही अपनी गिरफ्त में ले लेता है ऐसे में विशेषज्ञ संक्रमण से बचने के लिए अपनी रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करने की और हरी सब्जिया खाने की सलाह देते हैं । इम्यूनिटी को कई…

आईये जानते हैं रोज एक सेब खाने के फायदे।

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आपने सुना होगा “रोज़ एक सेब खाने से डॉक्टर को दूर रखा जा सकता है” भाव आप बिमारियों से दूर हो जाते हैं। सेब में मौजूद ‘फ्लेवोनॉइड’ नामक एंटी-ऑक्सीडेंट (Anti Oxidant) तत्व ब्लड शुगर (Blood Sugar) को नियंत्रण में रखता है, यह कार्बोहाइड्रेट (Carbohydrate) के पाचन क्रिया को भी कम…

आयुर्वेद है भारत का प्राचीन स्वास्थ्य विज्ञान

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प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि दुनिया रोग उपचार के लिए आयुर्वेद की प्राचीन पद्धति की ओर लौट रही है। आयुर्वेद भारत का प्राचीन स्वास्थ्य विज्ञान है। बीते सप्ताह गोवा में विश्व आयुर्वेदिक कांग्रेस में अनेक विशेषज्ञों ने आयुर्वेद के सूत्रों पर व्यापक चर्चा की है। सम्मेलन में ‘औषधीय…

सफलता की कहानी

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दुनिया भर में विकलांगों को दोयम दर्जे का स्थान प्राप्त होता है, जबकि सही दिशा मिलने पर वे भी सामान्य जनों की ही भांति जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में बेहतरीन मुकाम हासिल कर सकते हैं। सरकारों ने उनकी तरफ ध्यान देना शुरू कर दिया है परंतु समाज को और जागरुक होना पड़ेगा ताकि समाज का यह प्रभाग भी पूरी तरह मुख्य धारा के साथ चल सके।

मनुष्य की मूलभूत आवश्यकता है भोजन

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मनुष्य के जीवित रहने के लिए भोजन मूलभूत आवशयकता है। भोजन से ही हमारा शरीर बनता है। भोजन के प्रति हमें सदैव कृतज्ञ होना चाहिए। भारतीय संस्कृति में भोजन को देवता माना गया है। भोजन के कई सारे प्रकार हैं। यह हर जगह अलग-अलग प्रकार से बनता है। जैसी जहाँ की संस्कृति है, वहाँ उस संस्कृति के अनुसार ही भोजन के प्रकार बनते हैं। पूरे जीव सृष्टि को भोजन प्रदान करने का कार्य प्रकृति करती है। फिर चाहे वह कोई सब्जी हो या कोई फल या फिर चावल, गेहूँ आदि की फसल हो। यह सब कुछ हमें पृथ्वी की प्रकृति की वजह से प्राप्त होता है।

मुरलीधर कचरे ‘लोककल्याण भूषण’ पुरस्कार से सम्मानित

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दिव्यांग कल्याणकारी संस्था के कार्यकारी अध्यक्ष एड. मुरलीधर कचरे को पद्मश्री गिरीश प्रभुणे के हाथों ‘लोककल्याण भूषण’ पुरस्कार से सम्मानित किया गया. दिव्यांगों के लिए किये गए सेवाकार्यों को देखते हुए उन्हें लोककल्याण प्रतिष्ठान के २० वें पुरस्कार समारोह के दौरान सम्मान दिया गया.

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